ⓘ मुक्त ज्ञानकोश. क्या आप जानते हैं? पृष्ठ 184




                                               

चांग ई-1

चांग ई-1 एक मानव रहित चीनी चंद्र आर्बिटर अंतरिक्ष यान था। यह चीनी चंद्र एक्स्प्लोरेशन कार्यक्रम के पहले चरण का हिस्सा था। अंतरिक्ष यान चीनी चंद्रमा देवी, चांग ई के नाम पर रखा गया था।.

                                               

चांग ई-2

यह चंद्रमा की परिक्रमा के लिए भेजा गया चीनी अंतरिक्ष यान है। यह अपना चंद्र अभियान पूरा करने के बाद अंतरिक्ष में चक्कर लगा रहा है। चांगे ने पृथ्वी से करीब 17 लाख किलोमीटर दूर दूसरे लैगरेंज प्वाइंट का चक्कर लगाते हुए पहली बार सितंबर २०११ में आंकड़े ...

                                               

चांग ई-3

चांग ई-3 चंद्रमा की सतह के अध्ययन हेतु चीनी राष्ट्रीय अंतरिक्ष प्रशासन द्वारा संचालित एक अंतरिक्ष मिशन है। चंद्रमा की सतह पर यह चीन का पहला रोवर मिशन है। चीनी चंद्र अन्वेषण कार्यक्रम के दूसरे चरण के अंतर्गत चांग ई-3 को 1 दिसम्बर 2013 को सफलतापूर् ...

                                               

चांग ई-4

चांग ई-4 एक चीनी चंद्र अन्वेषण मिशन है। जिसमे एक रोबोट लैंडर और रोवर शामिल है। चांग ई-4 चीन का दूसरा चंद्र लैंडर और रोवर है। यह चांग ई-3 बैकअप के रूप में बनाया जाएगा। इसने 3 जनवरी 2019 को चंद्रमा के सबसे दूर की ओर पहली नरम लैंडिंग हासिल की। चांग ...

                                               

चांग ई-5

चांग ई-5 वर्तमान में विकास के अंतर्गत एक मानव रहित चीनी चंद्र अन्वेषण मिशन है। जो 2017 तक चंद्रमा पर लैंड होने की उम्मीद है। चांग ई-5 चीन का पहला नमूना वापसी मिशन होगा। यह चंद्र मिट्टी और चट्टान के कम से कम 2 किलोग्राम नमूने पृथ्वी पर लौटाकर लेकर ...

                                               

चांग ई-6

चांग ई-6 वर्तमान में विकास के अंतर्गत एक मानव रहित चीनी चंद्र अन्वेषण मिशन है। जो 2020 के बाद चंद्रमा पर लैंड होने की उम्मीद है। चांग ई-6 चीन का दूसरा नमूना वापसी मिशन होगा। अपने पूर्ववर्तियों की तरह, यह अंतरिक्ष यान चीनी चंद्र देवी के नाम पर है।

                                               

भारत के संरक्षित क्षेत्र

अंतर्राष्ट्रीय प्रकृति संरक्षण संघ द्वारा निर्दिष्ट शब्द के अर्थ में भारत में निम्नलिखित प्रकार के संरक्षित क्षेत्र हैं: अभयारण्य आरक्षित और संरक्षित वन राष्ट्रीय उद्यान संरक्षण भंडाऔर सामुदायिक भंडार भारत के निजी संरक्षित क्षेत्र संरक्षित जैवमंड ...

                                               

भारत के संरक्षित जैवमंडल

भारत सरकार ने देश भर में 18 बायोस्फीयर भंडार स्थापित किए हैं। ये बायोस्फीयर भंडार भौगोलिक रूप से जीव जंतुओं के प्राकृतिक भू-भाग की रक्षा करते हैं और अकसर आर्थिक उपयोगों के लिए स्थापित बफर जोनों के साथ एक या ज्यादा राष्ट्रीय उद्यान और अभ्यारण्य को ...

                                               

भारत में पारिस्थितिक क्षेत्रों की सूची

हिमालय, जो भारत के उत्तरी क्षेत्पर फैला हुआ है, पृथ्वी के दो महान प्राणिक्षेत्र - पेलार्कटिक, जिसमें अधिकांश समशीतोष्ण-से-आर्कटिक यूरेशिया को सम्मलित किये हुए है और इंडो-हिमालय क्षेत्र, जो अधिकांश भारतीय उपमहाद्वीप को कवर करते हैं और इंडो-चीन, सु ...

                                               

अंतर्सहजीवी

अंतर्सहजीवी ऐसा जीव होता है जो एक सहजीवी-सम्बन्ध में किसी अन्य जीव के शरीर या कोशिकाओं के अन्दर वास करता हो। यह आवश्यक नहीं है कि यह सम्बन्ध पारस्परिक रूप से लाभदायक हो। इसका एक उदाहरण ऐसे बैक्टीरिया हैं जो मानवों की जठरांत्र क्षेत्र में रहती है। ...

                                               

सूक्ष्मजैविक पारिस्थितिकी

सूक्ष्मजैविक पारिस्थितिकी सूक्ष्मजैविकी की एक शाखा है जिसमें सूक्ष्मजीवों के आपसी सबंधों एवं उनके वातावरण से सबंधों का अध्ययन किया जाता है। इसमें मुख्यतः जीवाणु, आर्किया एवं यूबैक्टरीया के साथ-साथ विषाणु का भी अध्ययन किया जाता है। सूक्ष्मजीव प्रा ...

                                               

अभ्रक

अभ्रक एक बहुपयोगी खनिज है जो आग्नेय एवं कायांतरित चट्टानों में खण्डों के रूप में पाया जाता हैं। इसे बहुत पतली-पतली परतों में चीरा जा सकता है। यह रंगरहित या हलके पीले, हरे या काले रंग का होता है। अभ्रक एक जटिल सिलिकेट यौगिक है। इसमें पोटेशियम, सोड ...

                                               

इल्मेनाइट

इल्मेनाइट एक खनिज है जो प्रधानतः लौह टाइटनेट है। यह टाइटेनियम-लौह आक्साइड खनिज है जिसका आदर्श सूत्र Fe Ti O 3 है। यह काला या ईस्पात-धूसर रंग का ठोस है जो थोड़ा-थोड़ा चुम्बकीय गुण रखता है। वाणिज्यिक दृष्टि से इल्मेनाइट, टाइटेनियम का सबसे महत्वपूर् ...

                                               

ऐंफ़िबोल

ऐंफ़िबोल खनिजों के एक समूह का नाम है। इस वर्ग के खनिज पाइरॉक्सीन खनिजों के समानीय हैं। इनका रासायनिक संगठन तथा भौतिक गुण पाइरॉक्सीन खनिजों के समान हैं। फलस्वरूप पाइरॉक्सीन और ऐफ़िबोल खनिजों में भेद करना कठिन हो जाता है। दोनों वर्गो के प्रकाशीय गु ...

                                               

कच्चा माल

कच्चा माल उन मूल द्रव्यों को कहते हैं जिनका उपयोग विविध शिल्पों में उत्पादन कार्य के लिए होता है। उदाहरणार्थ, चीनी मिल के लिए गन्ना, वस्त्र उद्योग के लिए रुई, कागज बनाने के लिए बाँस, ईख की छोई तथा सन और लोहे के कारखानों के लिए कच्चा लोहा आदि कच्च ...

                                               

कुरुविंद

कुरुविंद या रूबी एक रत्न है जो गुलाबी रंग से लेकर रक्तवर्ण तक का होता है। यह अलुमिनियम आक्साइड का विशेष प्रकार है। इसका लाल रंग इसमें क्रोमियम की उपस्थिति के कारण होता है। इसका रूबी नाम लैटिन शब्द रुबेर से आया है जिसका अर्थ लाल होता है। चार प्रमु ...

                                               

कैल्साइट

कैल्साइट पृथ्वी पर सबसे अधिक परिमाण में पाया जाने वाला खनिज है। रासायनिक या जैव-रासायनिक कैल्सियम कार्बोनेट को कैल्साइट कहते हैं। इसका रासायनिक सूत्र CaCO 3 है। कैलसाइट विभिन्न रंगों में पाया जाता है। यह खनिज अपने विदलन सतहों, काचोपम चमक, अल्प कठ ...

                                               

खनिज प्रसाधन

अधिकांश खनिज जिनसे धातु निस्सारित की जाती है, रासायनिक यौगिक, जैसे आक्साइड, सल्फाइड, कारबोनैट, सल्फेट और सिलिकेट के रूप में होते हैं। खनिज में मिश्रित अनुपयोगी पदार्थ को "विधातु" कहते हैं। उस खनिज को जिसमें धातु की मात्रा लाभदायक होती है "अयस्क" ...

                                               

खनिजों का बनना

या आग्नेय आग्नेय चट्टानों magmatic चट्टानों, पपड़ी की कुल मात्रा के बारे में 65% का संक्षेपण द्वारा गठित कर रहे हैं कहा जाता है. युक्त, चिपचिपा, गर्म अस्थिर सिलिकेट पिघल द्वारा उत्पन्न परत या ऊपरी पोशिश गर्मी में गहरी मैग्मा. आग्नेय चट्टानों और m ...

                                               

खनिजों की सूची

Varieties that are invalid species: Amazonite variety of microcline Aventurine variety of quartz Amethyst purple variety of quartz Anyolite Amosite asbestiform grunerite Ammolite organic; also a gemstone Asbestos fibrous serpentine- or amphibole ...

                                               

टाल्क

टाल्एक खनिज है। इसका रासायनिक सूत्र Mg3 2 Si4 O10 है। यह खनिज बड़ा मुलायम होता है तथा साबुन की तरह चिकनाहट लिए रहता है। इसका रंग सफेद या हरा होता है। कठोरता १ होने के कारण इसका चूर्ण आसानी से तैयार किया जा सकता है। इसका आपेक्षिक घनत्व २.७-२.८ है। ...

                                               

टूरमैलीन

टूरमैलीन एक खनिज है। इसका रासायनिक संघटन बहुत जटिल है। इसमें ऐल्यूमिनियम, सिलिकन, बोरॉन के अतिरिक्त अन्य बहुत सी धातुएँ भी भिन्न भिन्न मात्रा में विद्यमान रहती हैं। "टूरमैलीन भिन्न भिन्न रंगों में मिलता है। इसकी लाल किस्म को "रूबेलाइट, नीली किस्म ...

                                               

पाइरॉक्सीन

पाइरॉक्सीन खनिजों का एक महत्वपूर्ण समूह है जो शैल-निर्माण करने वाले इनोसिलिकेट होते हैं। ये बहुत सी आग्नेय एवं रूपान्तरित शैलों में पाये जाते हैं।

                                               

फास्फेट खनिज

कुछ खनिज फास्फेट नीची दिये गये हैं- phosphophyllite Zn 2 Fe,MnPO 4 2 4H 2 O amblygonite LiAlPO 4 F chlorapatite Ca 5 PO 4 3 Cl hydroxylapatite Ca 5 PO 4 3 OH hinsdalite PbAl 3 PO 4SO 4OH 6 Xenotime-Y YPO 4 struvite NH 4MgPO 4 6H 2 O fluorapatite ...

                                               

फ्लोरस्पार

फ्लोरस्पार या फ्लोराइट हल्के हरे, पीले या बैंगनी रंग में तथा अधिकतर घन आकृति में मिलता है। इसकी चमक काँच के समान होती है। कठोरता 4 तथा आपेक्षिक घनत्व 3.2 है। इस खनिज का विशेष गुण है प्रतिदीप्ति । कम ताप पर पिघलने के कारण इस खनिज का उपयोग लोह उद्य ...

                                               

बेरिल

बैडूर्य या बेरिल आधुनिक युग का महत्वपूर्ण खनिज है। इससे बेरिलियम धातु निकाली जाती है, जो हलकी किंतु कठोर तथा दृढ़ होती है। अत: इसका उपयोग वायुयानों में किया जाता है। अन्य धातुओं के साथ इसकी अनेक मिश्रधातुएँ तैयार की जाती हैं, जो विद्युत्, कैमरा आ ...

                                               

माक्षिक

माक्षिक या पाइराइट एक खनिज है जो लौह और गंधक का यौगिक है। इसे मूर्खों का सोना भी कहते हैं। इसमें लौह की मात्रा ४६.६ प्रतिशत रहती है। लौह खनिज होते हुए भी पाइराइट का उपयोग लौह उद्योग में नहीं होता, क्योंकि इसमें विद्यमान गंधक की मात्रा लोहे के लिए ...

                                               

मुल्तानी मिट्टी

मुल्तानी मिट्टी एक प्रकार की औषधीय मिट्टी है। इसका उपयोग पुराने समय से बाल धोने आदि के लिये किया जाता रहा है। आधुनिक काल में भी इसे स्नान करने, फेस पैक आदि के लिये प्रयोग करते हैं। चर्मरोगों को समाप्त करने एवं त्वचा को मुलायम रखने में बहुत सहायक ...

                                               

मैग्नेटाइट

मैग्नेटाइट एक लौह अयस्क है। इसमें लोहा ऑक्साइड रूप में मिलता है। यह फेरिमैग्नेटिक है। इसमें चुंबक को आकर्षित करने की क्षमता होती है। इसे काला अयस्क कहते हैं इसका इश्क में धातु की मात्रा 60 से 65% के बीच होती है यह याद किया तो आग्नेय कायांतरित होत ...

                                               

लिग्नाइट

लिग्नाइट निकृष्ट वर्ग का पत्थर कोयला है। इसका रंग कत्थई या काला-भूरा होता है तथा आपेक्षिक घनत्व भी पत्थर कोयला से कम होता है। यह वानस्पतिक ऊतक के रूपांतरण की प्रारंभिक अवस्था को प्रदर्शित करता है। लाखों वर्ष पूर्व वानस्पतिक विकास की दर संभवत: अधि ...

                                               

सिलिकेट खनिज

सिलिकेट खनिज पत्थर बनाने वाले खनिज होते हैं और पृथ्वी की सबसे ऊपरी ज़मीनी परत क ९०% भाग सिलिकेट खनिजों का बना हुआ है। अलग प्रकार के सिलिकेट खनिजों को उनमें निहित सिलिकेट यौगिकों के आधापर वर्गिकृत किया जाता है, जिनमें सिलिकॉन व ऑक्सीजन की अलग-अलग ...

                                               

सिलीमैनाइट

सिलीमैनाइट एक अलुमिनो-सिलिकेट खनिज है जिसका रासायनिक सूत्र Al2SiO5 है। इसका नाम अमेरिका के रसायनशास्त्री बेंजामिन सिलीमैन के नाम पर पड़ा है। यह खनिज संसार में अनेक स्थानों पर मिलता है किंतु कुछ ही स्थानों पर आर्थिक दृष्टि से इसका खनन लाभदायक है। ...

                                               

स्फटिक

स्फटिक या क्वार्ट्ज एक खनिज है। यह रेत एवं ग्रेनाइट का मुख्य घटक है। पृथ्वी के महाद्वीपीय भू-पर्पटी पर क्वार्ट्ज दूसरा सर्वाधिक पाया जाने वाला खनिज है । यह SiO 4 के सिलिकन-आक्सीजन चतुष्फलकी से बना होता है जिसमें प्रत्येक आक्सीजन दो चतुष्फलकियों म ...

                                               

हरसौंठ

हरसौंठ एक तहदार खनिज है जिसे सैलैनाइट भी कहते हैं। रासायनिक संरचना की दृष्टि से यह कैल्सियम का सल्फेट है, जिसमें जल के भी दो अणु रहते हैं। गरम करने से जल के अणु निकल जाते हैं और यह अजल हो जाता है। आकृति में यह दानेदार संगमर्मर सदृश होता है। ऐसे ह ...

                                               

हिमालयी नमक

सेंधा नमक एक प्रकार का खनिज नमक है जो पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त के झेलम जिले के खेवरा खानों से निकलता है। यह थोड़ी लाली लिये हुए सफेद नमक होता है। भारतीय उपमहाद्वीप में उपवास, व्रत आदि के समय लोग सेंधा नमक में बना हा अल्पाहार या फलाहार ही लेते ह ...

                                               

अतितप्त जल

सामान्य अवस्था में पानी का क्वथनांक 100 °C है। यदि जल का दाब एक वायुमण्डल से बढ़ाकर उसे गरम किया जाय तो यह १०० डिग्री से से अधिक ताप पर भी द्रव बना रह सकता है। १०० डिग्री से अधिक ताप वाले इसी जल को अतितप्त जल कहते हैं। इसे दाबित गर्म जल या सबक्रि ...

                                               

अतितप्त भाप

संतृप्त भाप वह भाप है जो गरम जल के साथ, उसके ही दाब पर, साम्यावस्था में है। अर्थात संतृप्त भाप का ताप, उस दाब के संगत जल के क्वथनांक से अधिक नहीं होता।

                                               

कठोर जल

कैल्शियम से लेपित पाइप से बाहर आते कठोर जल ऐसे जल को कठोर जल, Hard water कहते हैं जिसमें खनिज लवणों की अधिकता हो। इसमें कैल्शियम व मैग्नीशियम के बाइकार्बोनेट व कार्बोनेट उपस्थित रहते हैं। इसकी सरल पहचान है कि यह साबुन के साथ फेन झाग उत्पन्न नही क ...

                                               

जल का फ्लोरीकरण

जल का फ्लोरीकरण जल में फ्लोरीन मिलाने की प्रक्रिया है। इस प्रक्रिया में जन आपूर्ति के जल में नियंत्रित मात्रा में फ्लोरीन मिलाया जाता है। फ्लोरीकृत जल दंतक्षय को रोकता है। फ्लोरीकृत जल में इतनी मात्रा में फ्लोरीन होती है जिससे दंतक्षय रोकने में म ...

                                               

जल का शोधन

जल का शोधन वह प्रक्रिया है जिसमें जल से अवांछित रसायन, जैविक अशुद्धियाँ, घुले हुए ठोस, और गैसें आदि निकाली जातीं हैं। जल शोधन का लक्ष्य किसी कार्य विशेष के लिए जल को संसाधित करके उस कार्य के लिए उपयुक्त बनाना है।

                                               

जल के गुणधर्म

साँचा:Chembox ThermalConductivityसाँचा:Chembox HeatCapacity जल एक ध्रुवीय अकार्बनिक यौगिक है। यह सामान्य कमरे के ताप पर स्वादरहित, गन्धरहित, द्रव तथा रंगहीन एवं लगभग पारदर्शी होता है। जल पर सर्वाधिक अध्ययन किया गया है तथा इसे सर्वविलायक कहा जाता ...

                                               

जल दुर्लभता

right|thumb|300px|भौतिक जल दुर्लभता एवं आर्थिक जल दुर्लभता का मानचित्र किसी क्षेत्र में उस क्षेत्र के की आवश्यकता को पूरा करने के लिये पर्याप्त स्रोत न होना जल दुर्लभता कहलाता है। सभी महाद्वीपों में जल की दुर्लभता है। पूरे विश्व में लगभग २ अरब ८० ...

                                               

जलमिति

जलमिति, वर्षा, भूजल के गुणधर्मों, जल की गुणवत्ता एवं धरातल पर विद्यमान जल की प्रवाह की विशेषताओं सहित जल चक्र का सम्पूर्ण अध्ययन करता है।

                                               

जलीय परितंत्र

किसी जलीय वस्तु के परितंत्र को जलीय परितंत्र कहते हैं। जलीय परितन्त्र के अन्तर्गत वे सभी जलीय जीव-जन्तु आ जाते हैं जो उस पर्यावरण पर निर्भर होते हैं या एक-दूसरे पर निर्भर रहते हैं। जलीय परितन्त्र के दो मुख्य प्रकार हैं- समुद्री परितंत्र तथा अलवणज ...

                                               

बोतलबंद पानी

प्लास्टिक या काच की बोतलों में भरा हुआ पेय जल बोतलबन्द पानी कहलाता है। यह कार्बोनीकृत भी हो सकता है और अकाबोनीकृत भी। बोतलबन्द जल एक बार पीने वाले छोटे बोतलों से लेकर बड़े आकार के कारबॉय के आकार का भी हो सकता है।

                                               

वातिल जल

वातिजल अथवा कार्बोनेटेड जल, या फेनिल पेय वस्तुत: मद्यरहित पेय होते हैं, जिन्हें विभिन्न दाब पर कार्बोनिक गैस या कार्बन डाइऑक्साइड से कृत्रिम रूप में संतृप्त किया जाता है। सामान्यत: पेय पदार्थों को लवण, शर्करा तथा स्वादसार एवं सुगंधसार पदार्थों के ...

                                               

वाष्पन

वाष्पन, किसी द्रव के सतह के कणों का गैस में बदलने की वह प्रक्रिया है जिसमें द्रव की सतह के ठीक ऊपर स्थित गैस संतृप्त न हो। वाष्पन Evaporation, वाष्पन एक ऐसी अभिक्रिया है जो एक निश्चित ताप से पहले भी हो सकती है।

                                               

वाष्पीकरण

किसी तत्त्व या यौगिक का द्रव अवस्था से गैस अवस्था में परिवर्तन वाष्पीकरण कहलाता है। वाष्पीकरण दो प्रकार का होता है- वाष्पन, तथा क्वथन।

                                               

शोधित जल

शोधित जल वह जल है जिसको यांत्रिक विधि से प्रक्रमित करके किसी विशेष उपयोग के योग्य बना दिया गया हो, या उसकी अशुद्धियाँ निकाल दी गयीं हों। आसुत जल सदा से शुद्ध जल का सबसे सामान्य रूप रहा है किन्तु आजकल प्रायः जल को शुद्ध करने के लिए अन्य प्रक्रियाओ ...

                                               

संघनन

गैस से द्रव बनने की परिघटना को संघनन कहते हैं। यह वाष्पन की उल्टी है। प्रायः जल-चक्र के सन्दर्भ में ही इसका प्रयोग होता है। वर्षा भी एक प्रकार का संघनन ही है।