ⓘ मुक्त ज्ञानकोश. क्या आप जानते हैं? पृष्ठ 259




                                               

मार्तान्ड वर्मा

अनीयम तिरुनाल मार्तान्ड वर्मा का जन्म १७०६ में हुआ था। वेह त्रावणकोर के महाराजा थे। उन्होंने पड़ोसी राज्यों से अपने पैतृक डोमेन का विस्तार करने के लिए काफी योगदान दिया है और पूरे दक्षिणी केरल एकीकृत किया हैं। उन्क् शासन के तहत त्रावणकोर दक्षिणी भ ...

                                               

बड़ा राजन

राजन महादेव नायर उर्फ़ बड़ा राजन मुंबई अन्डरवर्ल्ड के महान डॉन थे। चेंबूर के तिलक नगर में उनका प्रमुख अड्डा था। बचपन में ही पापी पेट ने राजन भाई को अपराध के जीवन की ओर धकेल दिया। विख्रोली में छोटा राजन भाई के साथ मिलकर उन्होंने सिनेमा टिकट को ब्ल ...

                                               

तंजानिया में भारतीय लोग

वर्तमान समय में तंजानिया में ५० हजार से अधिक भारतीय मूल के लोग रहते हैं। उनमें से बहुत से लोग व्यवसायी हैं जिनके हाथों में तंजानिया की अर्थव्यवस्था का एक अच्छा-खासा हिसा है। तंजानिया में भारतीयों के आने का इतिहास १९वीं शताब्दी से शुरू होता है जब ...

                                               

छत्रपति शिवाजी टर्मिनस

छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, पूर्व में जिसे विक्टोरिया टर्मिनस कहा जाता था, एवं अपने लघु नाम वी.टी., या सी.एस.टी. से अधिक प्रचलित है। यह भारत की वाणिज्यिक राजधानी मुंबई का एक ऐतिहासिक रेलवे-स्टेशन है, जो मध्य रेलवे, भारत का मुख्यालय भी है। यह भ ...

                                               

रायगढ़

रायगढ़ दुर्ग, महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के महाड में पहाड़ी पर स्थित प्रसिद्ध दुर्ग है। इसे छत्रपति शिवाजी ने बनवाया था और १६७४ में इसे अपनी राजधानी बनाया। रायगड पश्चिमी भारत का ऐतिहासिक क्षेत्र है। यह मुंबई भूतपूर्व बंबई के ठीक दक्षिण में महाराष् ...

                                               

कोमाराम भीम

कोमाराम भीम भारत के एक जनजातीय नेता थे जिन्होने हैदराबाद की मुक्ति के लिये के आसफ जाही राजवंश के विरुद्ध संघर्ष किया। उनका संघर्ष छापामार शैली का था। उन्होने निजाम के न्यायालयी आदेशों, कानूनों और उसकी प्रभुसत्ता को सीधे चुनौती दी और वन में रहकर स ...

                                               

मंजू क़मरैदुल्ल्ही

मंजू क़मरैदुल्ल्ही एक उर्दू नाटककार, नाट्य पटकथाकाऔर शायर थे। उनका जन्म 1908 में चन्नापटना,कर्नाटक में हुआ और उन्होंने हैदराबाद डेक्कन में अपने कैरियर की शुरुआत की। उन्होंने सामाजिक और ऐतिहासिक महत्व के विभिन्न नाटकों को उर्दू में लिखा. उनके नाटक ...

                                               

मुहम्मद क़ुली क़ुतुब शाह

मुहम्मद क़ुली क़ुतुब शाह गोलकोंडा के क़ुतुब शाही वंश के पांचवें सुल्तान थे। इनहों ने हैदराबाद शहर की नींव रखी और चार मिनारा का भी निर्माण करवाया। वह एक सक्षम प्रशासक थे और उनके शासन को कुतुब शाही राजवंश के उच्च दौर में से एक माना जाता है। वह 1580 ...

                                               

साफ़ो

साफ़ो लेस्बोस द्वीप से एक पुरातन यूनानी कवि थी। साफ़ो की कविता प्रगीतक कविता थी, और उसे प्यार के बारे में अपनी कविताएं के लिए सबसे अधिक जाना जाता है। उसकी अधिकतर कविताएं अब खो चुकी हैं, और जो बची हैं वह भी खंडित रूप में मिलती हैं। और यहाँ तक प्रग ...

                                               

एॅलेन माॅण्टगाॅम्री लुईस

सर एॅलेन माॅण्टगाॅम्री लुईस सेंट लूसिया के एक राजनेता हैं। वे दो बार सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल के पद की सेवा कर चुके है। उन्हें पहली बार 22 फरवरी 1979 से 19 जून 1980 और दूसरी बार 13 दिसंबर 1982 से 30 अप्रैल 1987 के बीच, सेंट लूसिया की रानी, एलिज ...

                                               

जॉर्ज मैलेट

सर जॉर्ज मैलेट सेंट लूसिया के एक राजनेता हैं। उन्हें 1 जून 1996 से 17 सितंबर 1997 के बीच, सेंट लूसिया की रानी, एलिज़ाबेथ द्वितीय द्वारा, सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल यानि महाराज्यपाल के पद पर नियुक्त किया गया था। इस काल के दौरान वे महारानी के प्रति ...

                                               

पर्लेट लूज़ी

सर पर्लेट लूज़ी सेंट लूसिया की एक राजनेता हैं। उन्हें सेंट लूसिया की रानी, एलिज़ाबेथ द्वितीय द्वारा, 17 सितंबर 1997 को सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल यानि महाराज्यपाल के पद पर नियुक्त किया गया था। वे तब से आज तक, गवर्नर-जनरल के पद पर विराजमान हैं। इस ...

                                               

बोसवेल विलियम्स

सर बोसवेल विलियम्स सेंट लूसिया के एक राजनेता हैं। उन्हें 19 जून 1980 से 13 दिसंबर 1982 के बीच, सेंट लूसिया की रानी, एलिज़ाबेथ द्वितीय द्वारा, सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल यानि महाराज्यपाल के पद पर नियुक्त किया गया था। इस काल के दौरान वे महारानी के ...

                                               

विन्सेंट फ्लॉइज़ॅक

सर विन्सेंट फ्लॉइज़ॅक सेंट लूसिया के एक राजनेता हैं। उन्हें 30 अप्रैल 1987 से 10 अक्टूबर 1988 के बीच, सेंट लूसिया की रानी, एलिज़ाबेथ द्वितीय द्वारा, सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल यानि महाराज्यपाल के पद पर नियुक्त किया गया था। इस काल के दौरान वे महार ...

                                               

स्टॅनिस्लॉस ए जेम्स

सर स्टॅनिस्लॉस ए जेम्स सेंट लूसिया के एक राजनेता थे। उन्हें 10 अक्टूबर 1988 से 1 जून 1996 के बीच, सेंट लूसिया की रानी, एलिज़ाबेथ द्वितीय द्वारा, सेंट लूसिया के गवर्नर-जनरल यानि महाराज्यपाल के पद पर नियुक्त किया गया था। इस काल के दौरान वे महारानी ...

                                               

मोनिकंगना दत्ता

मोनिकंगना दत्ता एक मुंबई की रहने वाली भारतीय मॉडल व अभिनेत्री हैं। वह गुहावटी, असम से हैं। उन्होंने आर्मी पब्लिक स्कुल नारंगी, गुहावटी से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की और दिल्ली विश्वविद्यालय के मैत्री कॉलेज से स्नातक किया।

                                               

रिंकी चकमा

रिंकी चकमा चकमा समुदाय की एक भारतीय मॉडल और मिस इंडिया प्रतियोगिता 2017 में सांस्कृतिक पुरस्कारप्राप्तकर्ता है। इससे पहले रिंकी इंडिया त्रिपुरा 2017 भी जीत चुकी है।

                                               

शमशुद्दीन क्यूम़र्श

शमशुद्दीन क्यूम़र्श भारत में गुलाम वंश का अतिम शासक था। उसने दिल्ली पर ईस्वी सन 1290 तक शासन किया था। क्यूम़र्श एक तीन साल का बालक था । जलालुदीन खिलजी ने बाद में क्यूम़र्श की दोनो आंखें फोड कर सल्तनत का राजा बन गया । इसके साथ ही सन् 1290 मे खिलजी ...

                                               

वररुचि

वररुचि संस्कृत के अनेकानेक साहित्यिक, वैयाकरणिक एवं वैज्ञानिक ग्रन्थों से सम्बद्ध नाम है। प्राय: वररुचि को कात्यायन के साथ जोड़कर देखा जाता है जो पाणिनि के अष्टाध्यायी के सूत्रों के वार्तिककार हैं।

                                               

श्रीपाद अच्युत दाभोलकर

श्रीपाद अच्युत दाभोलकर भारत के गणितज्ञ एवं कृषि वैज्ञानिक थे। उन्होने महाराष्ट्र में प्रयोग परिवार नामक संकल्प का प्रवर्तन किया। उन्हें जमनालाल बजाज पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उनका जन्म महाराष्ट्र के कोल्हापुर में हुआ था। वे कोल्हापुर के ग ...

                                               

शांति स्वरूप भटनागर पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं की सूची

शांति स्वरूप भटनागर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पुरस्कार भारत में सर्वोच्च बहुआयामी विज्ञान पुरस्कारों में से एक है। इसकी स्थापना १९५८ में इसके संस्थापक निदेशक शान्ति स्वरूप भटनागर के सम्मान में वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान परिषद द्वारा की गई थी।

                                               

आँख

आँख या नेत्र जीवधारियों का वह अंग है जो प्रकाश के प्रति संवेदनशील है। यह प्रकाश को संसूचित करके उसे तंत्रिका कोशिकाओ द्वारा विद्युत-रासायनिक संवेदों में बदल देता है। उच्चस्तरीय जन्तुओं की आँखें एक जटिल प्रकाशीय तंत्र की तरह होती हैं जो आसपास के व ...

                                               

ओमाटिडिया

ओमाटिडियम, जिसका बहुवचन ओमाटिडिया है, कीटों और क्रस्टेशिया जैसे सन्धिपादों की यौगिक आँखों की वह इकाई होती है जिस से वह आँखें बनी हुई होती हैं। प्रत्येक ओमाटिडियम का अलग कोर्निया, लेंस और प्रकाश संवेदक कोशिकाएँ होती हैं। किसी सन्धिपाद द्वारा देखी ...

                                               

यौगिक आँख

यौगिक आँख कीटों और क्रस्टेशिया जैसे सन्धिपादों में दृश्य बोध का एक शारीरिक अंग होता है। इसमें ओमाटिडिया कहलाने वाली हज़ारों प्रकाश के रंग व चमक का बोध करने वाली अलग इकाईयाँ होती हैं, जिनमें प्रत्येक में अलग कोर्निया, लेंस और प्रकाश संवेदक कोशिकाए ...

                                               

मुँह

मुँह जंतुओं की आहार नली का प्रथम भाग होता है जिसको आहाऔर लार मिलता है। ओरल म्यूकोसा मुँह के अन्दर की उपकला में श्लेष्म झिल्ली होती है। अपनी मुख्य क्रिया यानि पाचक तंत्र की पहली कड़ी के अतिरिक्त मनुष्यों में मुँह एक और अहम कार्य करता है जो कि है ए ...

                                               

तालू

मानवों व अन्य स्तनधारियों में तालू मुँह की छत होती है। इसके नीचे मुँह का विवर होता है और इसके ऊपर नासिका विवर। तालू के दो भाग होते हैं: आगे का कठोर तालू और मूँह के पिछले भाग का नरम तालू।

                                               

उस्ताद मोहम्मद हनीफ खां

वे बिकानेर के दमामियान मोहल्ला में रहते थे। 85 वर्ष की अवस्था में 9 दिसम्बर 2009, बुधवार की सुबह को उनका निधन हो गया। उन्हें बिकानेर के जस्सूगेट के बाहर स्थित बड़े कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक किया गया। उनके जनाजे की नमाज मस्जिद पदमामियान के इमाम ...

                                               

कांठे महाराज

कांठे महाराज भारत के प्रसिद्ध तबला वादक रहे हैं। ये बनारस घराने से थे। इनका जन्म १८८० में कबीर चौराहा मोहल्ले, वाराणसी में हुआ था। इनके पिता पंडित दिलीप मिश्र भी जाने माने तबला वादक थे। इनकी आरंभिक संगीत शिक्षा बलदेव दहियाजी से आरंभ हुई थी। कांठे ...

                                               

राम सहाय

पंडित राम सहाय बनारस घराने के संस्थापकों में से एक रहे हैं। आज प्रचलित बनारस बाज लगभग २०० वर्ष पूर्व इन्होंने ही विकसित की थी। ये बनारस शहर के रहने वाले थे। इनके संगीत गुरु दिल्ली के सिधार खान जी के शिष्य उस्ताद मोढू खान थे। उस्ताद जी लखनऊ के नवा ...

                                               

मास्टर ग़ुलाम हैदर

मास्टर गुलाम हैदर, एक जाने-माने संगीतकार थे। जिन्होंने भारत में और आज़ादी के बाद पाकिस्तान में काम किया। उन्होंने पंजाबी संगीत के कगाऔर लय के साथ लोकप्रिय रागों को मिलाकर फिल्मी गीतों के चेहरे को बदल दिया, और फिल्म संगीत निर्देशकों की स्थिति को ब ...

                                               

आनंद-मिलिंद

आनंद-मिलिंद हिन्दी फिल्मों के एक प्रसिद्ध संगीतकार जोड़ी है। प्रतिभाशाली संगीतकार चित्रगुप्त के दोनों पुत्र आनंद चित्रगुप्त और मिलिंद चित्रगुप्त अपने शुरूआती दौर में संगीतकार लक्ष्मीकांत प्यारेलाल के सहायक रहे। इसके अलावा अपने पिता के सहायक के तौ ...

                                               

कल्याणजी-आनंदजी

कल्याणजी-आनंदजी हिन्दी फिल्मों की जानी मानी संगीतकार जोड़ी है। कल्याणजी-आनंदजी गुजरात से एक संगीतकार जोड़ी हैं: कल्याणजी वीरजी शाह 30 जून 1928 - 24 अगस्त 2000 और उनके भाई आनंदजी वीरजी शाह जन्म 2 मार्च 1933। ये दोनों 1970 के दशक में हिंदी फिल्म सा ...

                                               

चित्रगुप्त (संगीतकार)

चित्रगुप्त श्रीवास्तव भारतीय फिल्म संगीतकार थे। चित्रगुप्त नाम से अधिक प्रसिद्ध 1950 और 1960 की दशक की हिन्दी फ़िल्मों के लिये उन्हें जाना जाता हैं। उन्होने कई भोजपुरी फ़िल्मों के लिये भी संगीत दिया है। उनके पुत्र आनंद श्रीवास्तव व मिलिंद श्रीवास ...

                                               

जतिन-ललित

जतिन-ललित हिन्दी फिल्मों की संगीतकार जोड़ी है। इसमें दो भाई जतिन पंडित और ललित पंडित है। दोनों का ताल्लुक उल्लेखनीय संगीत परिवार से है जिसका मूल हिसार, हरियाणा में है। उनके चाचा पण्डित जसराज है और अभिनेत्रियाँ सुलक्षणा पंडित और विजयता पंडित उनकी ...

                                               

बप्पी लाहिड़ी

बप्पी लाहिड़ी हिन्दी फिल्मों के एक प्रसिद्ध संगीतकार हैं। सोने के गहनोँ से लदे बप्पी लाहिरी के संगीत में अगर डिस्को की चमक-दमक नज़र आती है तो उनके कुछ गाने सादगी और गंभीरता से परिपूर्ण हैं। उनका असली नाम अलोकेश लाहिड़ी है। तीन साल की उम्र में उन् ...

                                               

मदन मोहन

मदन मोहन हिन्दी फिल्मों के एक प्रसिद्ध संगीतकार हैं। अपनी गजलों के लिए प्रसिद्द इस संगीतकार का पूरा नाम मदन मोहन कोहली था। अपनी युवावस्था में ये एक सैनिक थे। बाद में संगीत के प्रति अपने झुकाव के कारण ऑल इंडिया रेडियो से जुड़ गए। तलत महमूद तथा लता ...

                                               

राजेश रोशन

२४ मई १९५५ को जन्मे राजेश रोशन सुप्रसिद्ध संगतकार रौशनलाल नागरथ के सुपुत्र हैं। उनक बड़े भाई राकेश रोशन प्रसिद्ध निर्माता और निर्माता हैं और ऋतिक रोशन इनका भतीजा है। सन १९७५ से अपना कैरियर शुरू करने वाले राजेश रौशन ने लगभग सभी बड़े निर्देशकों के ...

                                               

रामलक्ष्मण

रामलक्ष्मण भारतीय संगीतकार है जिसमें विजय पाटिल शामिल हैं। 1977 में राजश्री प्रोडक्शन्स की एजेंट विनोद से इन्होंने शुरुआत की थी। यह पहले जोड़ी हुआ करती थी जिसमें विजय "लक्ष्मण" थे। इस फिल्म को साइन करते वक्त उनके जोड़ीदार राम कदम की मृत्यु हो गई ...

                                               

शंकर-जयकिशन

शंकर जयकिशन, 1949 से 1971 तक एक साथ काम करते हुए हिंदी फिल्म उद्योग की एक लोकप्रिय और सफल भारतीय संगीतकार जोड़ी थी। उन्हें हिंदी फिल्म उद्योग के सर्वश्रेष्ठ रचनाकारों में से एक माना जाता है। बाद में, शंकर अकेले संगीत निर्देशक के रूप में कार्य करत ...

                                               

बृजभूषण काबरा

पंडित बृजभूषण काबरा भारतीय संगीतज्ञ हैं। ये जोधपुर के एक प्रख्यात संगीतज्ञ परिवार में जन्में थे। इनके पिता ने प्रसिद्ध सितारवादक अली अकबर खां के पिता मास्टर इनायत खां से सितार सीखा था। शास्त्रीय संगीत में बाल्यकाल में रुचि ना होने पर भी इन्हें अप ...

                                               

कुंभाराम आर्य

कुंभाराम आर्य एक स्वतंत्रता सेनानी तथा पूर्व सीकर से सांसद हैं | जिनके नाम पर नोहर सावा लिफ्ट नहर का नाम रखा गया है, जो इंद्रा गांधी नहर से जुड़ी हुईं है।जो हनुमान गढ़ चूरू झुंझुनूं और बीकानेर क्षेत्र में पेयजल सिंचाई की सुविधा उपलब्ध करवाती है

                                               

छुट्टन लाल मीणा

कप्तान छुट्टन लाल मीणा एक समाजसेवी एवं सांसद थे। उन्होंने मीणा समाज को को अनुसूचित जनजाति वर्ग में शामिल करवाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होने मीणा समाज को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा की अलख जगाने के लिए अनेक प्रयत्न किए । वे हरिजन और आदिवा ...

                                               

रावण संहिता

रावण संहिता एक प्राचीन ग्रन्थ है। माना जाता है कि दशानन रावण सभी शास्त्रों का जानकाऔर श्रेष्ठ विद्वान था। उसने ज्योतिष, तन्त्र, मन्त्र जैसी अनेक पुस्तकों की रचना की थी। इन्हीं में से एक रावणसंहिता है। इसमें रावण ने बिल्व पत्र पूजन का विशेष महत्व ...

                                               

अत-तौबा

क़ुरान का अध्याय । सूरए तौबा मदीना में नाज़िल हुआ और इसमें एक सौ उनतीस 129 आयतें हैं ऐ मुसलमानों जिन मुषरिकों से तुम लोगों ने सुलह का एहद किया था अब ख़ुदा और उसके रसूल की तरफ से उनसे एक दम बेज़ारी है 1 तो ऐ मुषरिकों बस तुम चार महीने तो चैन से बेख ...

                                               

अन-निसा

-HINDI TRANSLATION- सूरए निसा मदीना में नाज़िल हुआ और इसकी एक सौ सत्तर 170 आयते है उस ख़ुदा के नाम से शुरू करता हॅू जो बड़ा मेहरबान रहम वाला है ऐ लोगों अपने पालने वाले से डरो जिसने तुम सबको सिर्फ एक शख़्स से पैदा किया और वह इस तरह कि पहले उनकी बा ...

                                               

अल-अनआम

क़ुरान का अध्याय । --HINDI TRANSLATION-- सूरए अनआम मक्के में नाज़िल हुआ और इसकी एक सौ छियासठ आयतें हैं उस ख़ुदा के नाम से शुरु करता हूँ जो बड़ा मेहरबान रहम वाला है सब तारीफ ख़ुदा ही को है जिसने वहुतेरे आसमान और ज़मीन को पैदा किया और उसमें मुख़्तल ...

                                               

अल-अनकबूत

क़ुरान का अध्याय । अल-अनकबूत इस्लाम धर्म के पवित्र ग्रंथ क़ुरआन का 29वाँ सूरा अध्याय है जिसमें 69 आयतें होती हैं। 29:1- अलिफ़ लाम मीम। 29:2- क्या लोगों ने ये समझ लिया है कि सिर्फ इतना कह देने से कि हम ईमान लाए छोड़ दिए जाएँगे और उनका इम्तेहान लिय ...

                                               

अल-अनफाल

क़ुरान का अध्याय । -- हिन्दी अनुवाद -- HINDI TRANSLATION-- सूरए अनफ़ाल मदीना में नाज़िल हुआ और इसमें पच्हत्तर 75 आयतें हैं ख़ुदा के नाम से शुरू करता हूँ जो बड़ा मेहरबान निहायत रहम वाला है ऐ रसूल तुम से लोग अनफाल माले ग़नीमत के बारे में पूछा करते ...

                                               

अल-आराफ़

क़ुरान का अध्याय । -QURAN HINDI TRANSLATION- सूरए आराफ़ मक्का में नाज़िल हुआ और इसमें 206 आयतें हैं उस ख़ुदा के नाम से जो बड़ा मेहरबान है निहायत रहम वाला है अलिफ़ लाम मीम स्वाद ये किताब ख़ुदा तुम पर इस ग़रज़ से नाज़िल की गई है ताकि तुम उसके ज़रिय ...

                                               

अल-ए-इमरान

क़ुरान का अध्याय । == सूरए आले इमरान == HINDI TRANSLATION सूरए आले इमरान मदीना में नाज़िल हुआ और इसमे दो सौ 200 आयते और बीस रूकुअ है मैं उस अल्लाह के नाम से शुरू करता हॅू जो बड़ा मेहरबान रहम वाला है। अलिफ़ लाम मीम अल्लाह ही वह ख़ुदा है जिसके सिवा ...